BJPHCLUP GovernmentYogi Adityanathअंतर्राष्ट्रीयउत्तर प्रदेशराष्ट्रीय
Trending

HCL Tech की 10वीं वर्षगांठ पर बड़ा ऐलान, लखनऊ बनेगा AI और डीप-टेक हब।

CM योगी का बड़ा विजन, AI-सेमीकंडक्टर से डीप-टेक तक लखनऊ को नई पहचान।

HCL Tech की 10वीं वर्षगांठ पर बड़ा ऐलान, लखनऊ बनेगा AI और डीप-टेक का हब।

लखनऊ, 06 अक्टूबर। उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में आईटी और टेक्नोलॉजी सेक्टर को नई दिशा देने की तैयारी तेज हो गई है। HCLTech के लखनऊ कैंपस में कंपनी के संचालन के 10 वर्ष पूरे होने के मौके पर आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शिरकत की। इस दौरान HCL IT City के विस्तार की आधारशिला रखी गई और लखनऊ को आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, सेमीकंडक्टर, साइबर सिक्योरिटी, कंप्यूटिंग और डीप-टेक तकनीकों का प्रमुख केंद्र बनाने पर जोर दिया गया।

₹500 करोड़ के विस्तार से बढ़ेगी टेक्नोलॉजी क्षमता।

HCL Group ने लखनऊ स्थित HCL IT City के विस्तार के लिए करीब 500 करोड़ रुपये के निवेश की घोषणा की है। प्रस्तावित विस्तार के तहत करीब 9.5 लाख वर्गफुट नई क्षमता विकसित की जाएगी, जिसमें लगभग 4,500 तकनीकी पेशेवरों के लिए जगह उपलब्ध होगी। कंपनी के मुताबिक, इस विस्तार से लखनऊ के टेक्नोलॉजी और ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर इकोसिस्टम को और मजबूती मिल सकती है।

HCL IT City की मौजूदा परियोजना करीब 100 एकड़ में फैली है। HCLTech के अनुसार, लखनऊ कैंपस में 12,500 से अधिक लोग कार्यरत हैं और यह केंद्र 150 से ज्यादा वैश्विक उद्यमों को सेवाएं प्रदान करता है।

CM योगी बोले—सिर्फ IT नहीं, डीप-टेक का केंद्र बने लखनऊ।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कार्यक्रम में कहा कि लखनऊ को केवल आईटी सर्विसेज का केंद्र बनाने तक सीमित नहीं रखना है, बल्कि इसे AI, सेमीकंडक्टर, साइबर सिक्योरिटी, कंप्यूटिंग और डीप-टेक के क्षेत्र में आगे ले जाना है। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश की युवा आबादी और प्रतिभा टेक्नोलॉजी आधारित विकास के लिए महत्वपूर्ण आधार बन सकती है।

मुख्यमंत्री ने लखनऊ की बदलती तकनीकी पहचान का उल्लेख करते हुए कहा कि पहले प्रदेश के युवाओं को करियर के लिए दिल्ली, मुंबई, बेंगलुरु और हैदराबाद जैसे शहरों का रुख करना पड़ता था, जबकि अब लखनऊ में भी तकनीकी क्षेत्र में नए अवसर विकसित हो रहे हैं।

1,000 छात्रों को AI की ट्रेनिंग देगा HCLTech।

HCLTech ने उत्तर प्रदेश के 1,000 छात्रों को AI और उससे जुड़ी तकनीकों में प्रशिक्षण देने की घोषणा की है। यह प्रशिक्षण FY27 के दौरान कंपनी के LITMUS कार्यक्रम के तहत दिया जाएगा। इसके अलावा HCL Group ने HCL-GUVI Emerging Technology Centre भी शुरू किया है, जहां AI, डेटा एनालिटिक्स और उभरती तकनीकों से जुड़े कौशल विकसित किए जाएंगे। कंपनी के अनुसार, उसके TechBee कार्यक्रम के जरिए उत्तर प्रदेश के 2,200 से अधिक युवाओं को पहले ही प्रशिक्षण और रोजगार से जोड़ा जा चुका है। HCLTech ने क्षेत्र के 40 से अधिक इंजीनियरिंग कॉलेजों के साथ साझेदारी का भी उल्लेख किया है।

HCL ने यूपी को बताया अपनी ‘जन्मभूमि और कर्मभूमि’।

HCLTech की चेयरपर्सन रोशनी नादर मल्होत्रा ने उत्तर प्रदेश को कंपनी की “जन्मभूमि और कर्मभूमि” बताते हुए राज्य में तकनीक और प्रतिभा के विकास के प्रति कंपनी की प्रतिबद्धता दोहराई। HCLTech के मुताबिक, नोएडा और लखनऊ में कंपनी के केंद्रों के जरिए उत्तर प्रदेश में 50 हजार से अधिक लोग उसके साथ काम कर रहे हैं।

लखनऊ में HCLTech के 10 साल पूरे होने का यह कार्यक्रम राज्य सरकार की टेक्नोलॉजी आधारित विकास नीति और निजी क्षेत्र के निवेश के बीच बढ़ते तालमेल को भी सामने लाता है। आने वाले वर्षों में AI, डीप-टेक और उभरती तकनीकों में निवेश के जरिए लखनऊ की तकनीकी पहचान को और विस्तार देने की कोशिश की जा रही है।

Related Articles

Back to top button